STORYMIRROR

दिल की पुकार

दिल की पुकार

1 min
3.8K


दिल में जलते चिंगारी को आज हावा ने दी है आग

फूलों ने खिलके महकाया आज जो पुरे बाग़

कानों में गूंज रही एक सुरीली संगीत की राग

मन की आवाज़ यही कहती है 'तू भाग हमेशा भाग'


अब कभी ना रुकना तू ना थकना

तुझको है सितारों की तरह चमकना

कल तू करे सारे कठिनाइयों को पार

तेरे आगे जो भी आये उसे मिले बस हार


बस तेरी ही जीत हो हर बार

यही कहे तेरे दिल की पुकार !


ಈ ವಿಷಯವನ್ನು ರೇಟ್ ಮಾಡಿ
ಲಾಗ್ ಇನ್ ಮಾಡಿ

Similar hindi poem from Drama