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Bhavna Bhatt

Classics

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Bhavna Bhatt

Classics

धड़कन

धड़कन

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आपकी यादों को

दिल मे छुपाए रखा है

जीना जरूरी नहीं है

पर धड़कन में तुम समाई हो

जब याद आते हो

सभी रिश्ते बिखरे नजर आते हैं।। 


भावनाओं में बहकर 

गलत निर्णय हो गया है 

तड़फ दिलों की धड़कनें

दोनो तरफ एक सी है

ना जाने क्यों फिर भी

दिल समझता नहीं है

मोहब्बत धड़कन में बसी है

ये किसका कसूर है।। 


मोहब्बत छुपाए नहीं छुपते,

स्नेह प्यार को अपनाओ 

दिल में बसी धड़कन पहचानो

और हठाग्रह छोड़ दो

मोहब्बत को अपना लो

रिश्ते फिर महेक उठेंगे

और दिल में नाम धड़केगा

मान भी जाओ अब..।।।



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