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Sajida Akram

Inspirational

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Sajida Akram

Inspirational

भरोसा

भरोसा

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कर लूँ मैं आज,

एक लक्ष्य को भेदने,

का है मुझे अपने बाज़ुओं

पर पूरा भरोसा,


चाहे आएं बाधाएं,

चाहे गिरने मैं कितना भी

इन बाधाओं की रुकावटों से,

अब न रोक सकें, न टोक सकें,


बिखर जा आसमानों में

भरोसा गर परों का है,

उड़नों से डराने का,

हुनर कायरों का है


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