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Jitendra Meena

Inspirational

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Jitendra Meena

Inspirational

भलाई की खोज

भलाई की खोज

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एक दिन घर से निकला

भलाई शब्द की खोज में 

एक छोटे से कोने से 

बडे शहरों तक खोजा।


खोज मे दिन-रात लगा 

मगर कुछ हाथ ना लगा

भटकता ही रहा बस मैं 

कोई ना लगा साथ मैं।


भलाई का नाम सुनते ही

लोग बौखला उठते है 

पूछा भलाई के बारे में 

लोग मारने दौड़ पडते है।


देखे चेहरे बहुत मैंने

दिखा सिर्फ अपना स्वार्थ

आया कहाँ से शब्द भलाई का

मैंंने खुद से ही उत्पन्न पाया।


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