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Akanksha Gupta (Vedantika)

Abstract

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Akanksha Gupta (Vedantika)

Abstract

बदले हुए हम

बदले हुए हम

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केवल बदला नहीं मनोरंजन

बदले हुए हैं हम भी

ना जाने क्यों बदल रही

हैं मान्यताओं के विपरीत

मनोरंजन की धारा!


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