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VIVEK ROUSHAN

Abstract

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VIVEK ROUSHAN

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बारिश की बूँदें

बारिश की बूँदें

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बारिश की बूँदें

जैसे

किसी की याद में

छलक आएँ हों

किसी के आँसू

बह गया हो दर्द थोड़ा सा

साफ हो गया हो किसी का दिल

जैसे साफ हो जाता है आसमाँ

बारिश के ख़त्म होने पर.



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