STORYMIRROR

Mistry Surendra Kumar

Inspirational

3  

Mistry Surendra Kumar

Inspirational

अभिरुचि

अभिरुचि

1 min
284

कोई कहता बनो डॉक्टर

कोई कहता इंजीनियर,


मन कहता है सुनूँ मैं अपनी,

और बनूँ मैं नेक इंसान


लोगों के दुख दर्द समझ कर

करूं मैं उनकी सदा मदद


मानवता की इस कर्मभूमि को

कर दूं मैं सदा के लिए गद्गद्।


साहित्याला गुण द्या
लॉग इन

Similar hindi poem from Inspirational