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Nitesh Prasad

Inspirational

4  

Nitesh Prasad

Inspirational

विजय और पराजय

विजय और पराजय

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विजय की जयघोष हो

या हो पराजय का विलाप

सबकी निज संघर्ष गाथा है

विजय अटल नहीं

पराजय शुन्य नहीं


क्यों हार का हम शोक मनाये ?

फिर एक और ललकार होगी

तब देखना जय हमारी होगी


पराजय में छिपी दुर्बलता को दूर करूँगा

एक बार फिर शून्य से शुरुआत करूँगा।


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