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Kawaljeet GILL

Abstract Others

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Kawaljeet GILL

Abstract Others

तुम्हारी मीठी यादें,

तुम्हारी मीठी यादें,

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तुम्हारी मीठी यादें,

दिल में यूँ बसी हुई है

कि दिल से निकालना नहीं चाहते

ये यादें ही तो मेरे जीने का सहारा है,

मेरे चेहरे की खुशी इन यादों से है,

इतनी ज्यादा मीठी यादें जो है,

डर लगता है हम को शक्कर की 

बीमारी ना लग जाये,

जीवन तो मिला जुला हो तो अच्छा,

जिंदगी में थोड़ा कड़वापन भी जरूरी है,

हर पल हँसना ही जरूरी नहीं,

कुछ पल दर्द के ना हो तो किसी के

दर्द को समझना मुश्किल है,

हर किसी की है सोच अपनी अपनी,

किसी को खुशियां अच्छी लगती है 

किसी को दर्द,

दोनों गर ना हो जीवन में तो जीना 

मुश्किल है ।


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