STORYMIRROR

Shruti manjari Mishra

Romance Fantasy

2  

Shruti manjari Mishra

Romance Fantasy

तुम मेरी पूरी सृष्टि हो !!

तुम मेरी पूरी सृष्टि हो !!

1 min
23

तुम तृष्णा की तृप्ति हो

मेरे जीवन का सार।

मेरी दीर्घ अभिलाषा तुम

मेरे हर्ष अपार ।।


तुम नैनों की पुष्टि हो

मेरी पूर्ण संतुष्टि हो।

मेरे इस रुक्ष स्वरूप जीवन में

प्रेम स्नेह की वृष्टि हो ।।


हे प्रिये अब मैं क्या कहूं

तुम्हें प्रेरणा समझ मैं क्या लिखूं । 

मुझे तो बस इतना ज्ञात हुआ 

तुम मेरी पूरी सृष्टि हो ।।

                 


विषय का मूल्यांकन करें
लॉग इन

Similar hindi poem from Romance