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kuleshwar Jaiswal

Classics

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kuleshwar Jaiswal

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सुवा गीत

सुवा गीत

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सुवा रे सुवा, उड़ी जा रे सुवा,

भारत मइया के गाथा गा रे सुवा।।


डोंगर-घाटी, हरियर धरती, गूंजे जय के तान,

तिरंगा लहराय गगन मं, बढ़थे देश के मान।।

सुवा रे सुवा, उड़ी जा रे सुवा...


धान के बाली, सोन जइसन, चमके गांव-खेत,

किसान-जवान संग संग गढ़थें, देश के हर एक रेत।।

सुवा रे सुवा, उड़ी जा रे सुवा...


वीर सपूत मन जान लुटाइन, राखिन देश के लाज,

उनके बलिदान ले गूंजत, आजादी के साज।।

सुवा रे सुवा, उड़ी जा रे सुवा...


माटी के कसम खाथन हम, झुकबो नइ कभू,

भारत मइया के मान बर, लड़बो आखिरी दम तकू।।

सुवा रे सुवा, उड़ी जा रे सुवा...


एकता के जोत जलाबो, बांटबो मया-पियार,

छत्तीसगढ़ के हर मनखे, बनही देश के आधार।।

सुवा रे सुवा, उड़ी जा रे सुवा,

भारत मइया के गाथा गा रे सुवा।।


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