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Anita Sharma

Abstract Classics Children

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Anita Sharma

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सरस्वती-वंदना

सरस्वती-वंदना

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निर्मल,दिव्य, आलौकिक आभा

नमन तुम्हें माँ सुहासिनी,


श्वेताम्बर धारी कर वीणा साजे

माँ नमन तुम्हें वीणावादिनी,


शीर्ष मुकुट,कंठ मुक्ताहार अलंकृत

माँ नमन तुम्हें कमलवासिनी,


सर्ववेद ज्ञानकोष,तुममें समाहित

माँ नमन तुम्हें ज्ञानप्रदायिनी


तिमिर मिटाकर सदबुद्धि उपहार दो

माँ नमन तुमको वरदायिनी


तुम स्वरा,सरला,संगीतमयी,

माँ सरस्वती...ज्योतिर्मयी,


हम अज्ञानियों को तार दो,

नमन स्वीकार करो हे! वाग्वादिनी।


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