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Sumit. Malhotra

Abstract Action Classics

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Sumit. Malhotra

Abstract Action Classics

सर्दी का स्वागत करना

सर्दी का स्वागत करना

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ये सर्द रातें बहुत ही ज़्यादा जगाया करती हमें, 

दिन में ऑफिस की नौकरी रात में तेरी नौकरी। 

ये सर्द रातें बहुत ही ज़्यादा सर्दी लगती ही हमें, 

जब तुम नहीं ये गर्म चाय, रजाई गर्मी देती हमें। 


तेरा प्यार मेरे जीवन में मिलना वरदान लगा ही, 

तेरा प्यार ज़िंदगी का सबसे हसीन तोहफ़ा लगे। 

तेरा प्यार संजीवनी बूटी जैसे ही तो लगता हमें, 

मेरा प्यार तुझे कैसे लगता ज़रा तुम बताना हमें। 


तेरा प्यार पाक साफ़ मिल गया है ज़िंदगी में हमें, 

साथिया साथ निभाना सारी उम्र प्यार करके हमें। 

गर्मी में सदैव ही इलायची वाली चाय पिलाना है, 

सर्दी में अदरक वाली चाय सदैव ही पिलाना हमें। 


साथ में ब्रेड के टोस्ट सिर्फ़ तेरे लिए बनाने है हमें, 

फ़िर कविता लिखकर तुरंत ही सो जाना भी हमें।

सुनिए तो जल्दी सर्दी का मौसम आने वाला प्रिय, 

तो सर्दी का स्वागत करना दोनों को मिल के प्रिय। 


सर्दी के मौसम से बचना परहेज़ करते रहना हमें, 

सर्दी के गर्म कपड़े निकालने शीघ्रता से अब हमें। 

हर एक मौसम भी बहुत ही सुहाना सा लगता है, 

पर सर्दी का मौसम ज़्यादा सुहाना ही लगता हमें।


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