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Ritu Rahar

Romance

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Ritu Rahar

Romance

प्यार

प्यार

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ना कदर हुई, ना फिक्र हुई...

मैंने माफ किया, मैं भूल गई


फिर बात चली, मुझे बुरी लगी...

कुछ हल ना हुआ, मैं सहम गई...


ना तुम बदले और ना ये ज़िन्दगी...

मैं फिर से चली पर थोड़ी बदल गई !


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