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Priti Chaudhary

Inspirational


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Priti Chaudhary

Inspirational


प्रकृति से छेड़छाड़

प्रकृति से छेड़छाड़

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वृक्षारोपण करें, प्रकृति से न छेड़छाड़ करें,

मित्र बनें प्रकृति के तनिक न राड़ करें।


प्रेम प्रसूनों से अलंकृत हो जीवन उद्यान,

सदन में सुगन्धित हों आत्मीयता के बागान।

आगामी पीढ़ी की राह में खड़ा न पहाड़ करें।

वृक्षारोपण करें, प्रकृति से न छेड़छाड़ करें।


प्रकृति की सेवा करें उद्यम रूपी जल से,

सौंदर्य बढ़ायें जीवन का श्रम रूपी कमल से,

सहेज कर रखें प्रकृति, आओ इसके लाड़ करें।

वृक्षारोपण करें, प्रकृति से न छेड़छाड़ करें।



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