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Vijaykant Verma

Abstract

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Vijaykant Verma

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पल

पल

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एक पल हो प्यार का

एक पल इज़हार का

एक पल तन्हाई का

एक पल शहनाई का

    एक पल ग़म का

    एक पल खुशी का

    एक पल आगमन का

    एक पल विदाई का

एक पल मिटने का

एक पल पनपने का

एक पल बहकने का

एक पल सिमटने का

     कुछ पलों की इस जिंदगी में                        

     गुरु का भी हो नाम

     एक पल के समर्पण में

     मिले प्रभु का धाम



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