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Kavita Sharrma

Abstract

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Kavita Sharrma

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नाकाम इश्क

नाकाम इश्क

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इश्क़ की राह है बड़ी कठिन

ये सुना था अक्सर 


पर दिल नहीं माना

चल पड़ा इस सफर पर


चोट जो खाई तब समझ में आया

इश्क़ की राह आग का दरिया है


चलोगे जो इस पर तो जलना ही होगा।


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