Vijaykant Verma
Romance
प्यार करना जरूरी है
इज़हार करना जरूरी है
किसी की मोहब्बत में
गिरफ्तार होना जरूरी है
यही है इस जीवन का सच
मोहब्बत ही ज़िन्दगी है
मोहब्बत में जी लो यार
मोहब्बत में ही बन्दगी है।
विनाश का बटन ...
नदी तुम्हारी...
सच्ची मुस्कान
मानवता, तू मर...
बचपन लौटा दो
लौट आओ मेरे य...
खुशी
हाले दिल
रिश्तों की सम...
सूखा पत्ता
अचानक ही तो मिले थे हम दोनों समय और संस्कारों की यात्रा में। अचानक ही तो मिले थे हम दोनों समय और संस्कारों की यात्रा में।
तुम्हारी आहट पर मुझे कुछ पूर्णता का आभास तो हो। तुम्हारी आहट पर मुझे कुछ पूर्णता का आभास तो हो।
मैं तेरे प्यार में पागल घूमता रहता हूँ, चाँद सितारों से तेरी बाते करता रहता हूँ, सावन के झूलो में बै... मैं तेरे प्यार में पागल घूमता रहता हूँ, चाँद सितारों से तेरी बाते करता रहता हूँ,...
तुम्हें आवाज देती हूं, तुम्हें वापिस बुलाती हूं तुम्हें आवाज देती हूं, तुम्हें वापिस बुलाती हूं
ना आज ये रात बीतेगी ना ही कोई समझ पाएगा , बारिश के इस आलम में जब वो यूं ही चला जाएगा, ना आज ये रात बीतेगी ना ही कोई समझ पाएगा , बारिश के इस आलम में जब वो यूं ही चल...
याद नहीं आ रही अब मुझे रुक्मणी और राधा.. चुंबकीय आकर्षण में तेरे हो गई अधीर और आधा.. याद नहीं आ रही अब मुझे रुक्मणी और राधा.. चुंबकीय आकर्षण में तेरे हो गई अधीर ...
बस तुम यूं ही आ जाना...। बस तुम यूं ही आ जाना...।
एक मद सा है तुम्हारा होना, बहुत कुछ कह जाता है, तुम्हारा मौन। एक मद सा है तुम्हारा होना, बहुत कुछ कह जाता है, तुम्हारा मौन।
एक गीत अपनी मोहोब्बत के लिए।। एक गीत अपनी मोहोब्बत के लिए।।
कभी खुद से बातें करना अच्छा लगता था, आज खुद से नज़रें मिलाना भी भारी लगता है। हम जिनके लिए सबकुछ छोड... कभी खुद से बातें करना अच्छा लगता था, आज खुद से नज़रें मिलाना भी भारी लगता है। हम...
मैं बन जाती थी आसमान, वो तारा बनकर मुझमें बिखर जाता था... मैं बन जाती थी आसमान, वो तारा बनकर मुझमें बिखर जाता था...
अकेले चलना मुश्किल है , मुझे अपना बना लो तुम ! सफर कट जाएगा मेरा , मुझे यदि साथ देदो तुम !! अकेले चलना मुश्किल है , मुझे अपना बना लो तुम ! सफर कट जाएगा मेरा , मुझे यदि साथ ...
वो आज भी ख्वाबों में आता है!! जगाकर नींद से, यादों के भँवर में फँसा जाता है वो आज भी ख्वाबों में आता है!! जगाकर नींद से, यादों के भँवर में फँसा जाता ह...
प्रीति रजनी जगाने लगती सुर्ख छुअन होती तन-मन में। प्रीति रजनी जगाने लगती सुर्ख छुअन होती तन-मन में।
<b>प्यार एक खूबसूरत लम्हा होता हैं,</b><br><b>जिसे हर कोई जीना चाहता है,</b><br><b>लेकिन प्यार करने ... <b>प्यार एक खूबसूरत लम्हा होता हैं,</b><br><b>जिसे हर कोई जीना चाहता है,</b><br>...
नहीं लगता मेरा ये दिल, मुझे क्यों याद आती हो ! करूँ क्या मैं भला बोलो , मुझे रहरह सताती हो !! नहीं लगता मेरा ये दिल, मुझे क्यों याद आती हो ! करूँ क्या मैं भला बोलो , मुझे रहर...
गिनना चाहती हूँ तारों को मैं, चाँद पर बैठना चाहती हूँ, थोड़ी देर... गिनना चाहती हूँ तारों को मैं, चाँद पर बैठना चाहती हूँ, थोड़ी देर...
मैं मचलती हूँ सात सुर-सी बजती वीणा-सी, कोई नश्तर नहीं मेरे वज़ूद के आसपास... मैं मचलती हूँ सात सुर-सी बजती वीणा-सी, कोई नश्तर नहीं मेरे वज़ूद के आसपास...
हवा में उड़ते सूखे पत्ते, सच्चे प्रेम के कुछ किस्से गाते पंछी। हवा में उड़ते सूखे पत्ते, सच्चे प्रेम के कुछ किस्से गाते पंछी।
चलो हम-तुम फिर बैठ के सुबह की चाय एक साथ पीते हैं। चलो हम-तुम फिर बैठ के सुबह की चाय एक साथ पीते हैं।