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Bhoop Singh Bharti

Inspirational

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Bhoop Singh Bharti

Inspirational

मात सम भाषा हिंदी

मात सम भाषा हिंदी

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हिंदी तै  न्यारे हुए, अंग्रेजी कै सीर।

अपणों की अवहेलना, देवै गहरी पीर।

देवै  गहरी पीर, धीर या कौन बंधावै।

घर कै भ्हार खड़ी, मातृ भाषा लखावै।

कहै भारती सुणो, लगाओ माथै बिंदी।

खूब करो सम्मान, मात सम भाषा हिंदी।


  


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