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Debabrata Mishra

Abstract

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Debabrata Mishra

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माँ

माँ

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मेरा पहली मोहब्बत है तू

सबसे ज्यादा खुशी तुझसे ही पाया है माँ

तेरी गोद ही जन्नत है मेरे लिए

माफ कर देना मुझे बड़ा दिल है तेरी

अगर कभी गलती से रुलाया है तूझे माँ


मेरा ज़िन्दगी का कारण है तू

तेरी ममता मेरे आंसू को रोक लगाती है माँ

असली मुस्कान का पता तुझसे ही पाया मैने

रब ने तूझे बना कर ईनाम दिया है धरती को

तू ही साक्षात भगवान है माँ ।



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