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Kamal Purohit

Abstract

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Kamal Purohit

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माँ

माँ

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जिसकी वजह से जग ने हमें मान दे दिया

माँ शारदे वो तुमने हमें ज्ञान दे दिया।


हमने लिया है जन्म माँ की कोख से यहाँ

ईश्वर ने माँ के रूप में वरदान दे दिया।


जागे जो रातभर तो माँ जागी थी रात भर

रोये कभी तो गोद में भी स्थान दे दिया।


जिसने भी की यहाँ पे माँ की अपनी बन्दग़ी

ईश्वर ने उसको चरणों में फिर त्राण दे दिया।


माँ भारती पुकारती वीरों की राह चल

रक्षक बने बेटों ने "कमल" प्राण दे दिया।


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