STORYMIRROR

Krishna Bansal

Abstract

3  

Krishna Bansal

Abstract

कुछ क्षणिकाएं

कुछ क्षणिकाएं

1 min
493


हम सब चाहते हैं दूसरा हमें प्यार करें 

आदर सत्कार करें 

हमारा ध्यान रखें 

हमारे दुख में साझीदार बने 

हमारे मन की बात 

स्वयं ही समझ लें 

और हमें -

हमें कुछ न करना पड़े 

ऐसा कैसे हो सकता है 

दूसरा भी तो यही चाहता है 

जो आप चाहते हैं। 


2

शादी के समय 

सात जन्म का

बन्धन निभाने का ऊंचा

लक्ष्य इसीलिए रखा गया 

कम से कम  

एक जन्म का बन्धन

तो निभ जाए।


विषय का मूल्यांकन करें
लॉग इन

Similar hindi poem from Abstract