Anuj Pareek
Tragedy
तक़दीर में दर्द इस तरह है कि
खरपतवार की तरह हर करे - धरे पर आ जाता है
प्रेम की सार्...
अमीर घर की औल...
सबसे खतरनाक ह...
थामना चाहता ह...
समझ क्यों नही...
इंसान
Kuch Tum Kaho...
यादों की गिरफ़...
मिला ही नहीं
खुशियों का सौ...
पहली बार खुद के लिए सोचा तो तूने उसे सबके सामने बेइज़्ज़त कर दिया ? पहली बार खुद के लिए सोचा तो तूने उसे सबके सामने बेइज़्ज़त कर दिया ?
वह चार गुंडे वह कर चुके थे जिन्हें मारना चाहते थे उन्हें मार चुके थे। वह चार गुंडे वह कर चुके थे जिन्हें मारना चाहते थे उन्हें मार चुके थे।
अस सम्पत्ति विपत्ति जस, उदय अस्त शशि भानु । धीरज धर्म जो ना तजै , विजय ताहि की जानु । अस सम्पत्ति विपत्ति जस, उदय अस्त शशि भानु । धीरज धर्म जो ना तजै , विजय ताहि ...
निशा के लिए भाई ही मां बाप दोस्त सब था। निशा के लिए भाई ही मां बाप दोस्त सब था।
मेरी पुरखों की मिटटी मेरा अधिकार है मेरा हक़ लौटना आपका सामाजिक सरोकार है। मेरी पुरखों की मिटटी मेरा अधिकार है मेरा हक़ लौटना आपका सामाजिक सरोकार है।
नए हमसफ़र संग फिर कोई कश्ती चला रहा होगा, जिन रास्तों पर मेरे साथ चला था कभी, नए हमसफ़र संग फिर कोई कश्ती चला रहा होगा, जिन रास्तों पर मेरे साथ चला था कभी,
अनाथ, गुलाम ,बेबसी के घाव सह सब कुछ चुप्पी धरने का। अनाथ, गुलाम ,बेबसी के घाव सह सब कुछ चुप्पी धरने का।
अजब सी जद्दोजेहद से यह जीवन भरा है हम लड़ते औरों से,असल शत्रु भीतर पड़ा है। अजब सी जद्दोजेहद से यह जीवन भरा है हम लड़ते औरों से,असल शत्रु भीतर पड़ा है।
मेरी मेहनत की आज लगी है , अरावली - सी पहाड़ी । मजदूरी तो बहुत की है, मेरी मेहनत की आज लगी है , अरावली - सी पहाड़ी । मजदूरी तो बहुत की है,
थी मैं जब बहुत छोटी ना मैं पाती थी ठीक से चल ना मैं पाती थी सही से बोल थी मैं जब बहुत छोटी ना मैं पाती थी ठीक से चल ना मैं पाती थी सही से बोल
अपने वो माता पिता को आज के ज़माने में है नहीं बताते सारी बातें जो वक्त आने पर नहीं हैं अपने वो माता पिता को आज के ज़माने में है नहीं बताते सारी बातें जो वक्त आने पर नह...
जिंदगी के सफर में , वो ही तो हमें चलना सिखाते, पथ के कांटों को दूर कर, वो साथ हमारा निभाते।। जिंदगी के सफर में , वो ही तो हमें चलना सिखाते, पथ के कांटों को दूर कर, वो साथ...
वो घाटी जहाँ लिद्दर का जल, संगीत सरीखा बहता था, कौन जाने उसकी लहरों में, बहुत बारूद रखा रहता था। बे... वो घाटी जहाँ लिद्दर का जल, संगीत सरीखा बहता था, कौन जाने उसकी लहरों में, बहुत बा...
राष्ट्र की सेवा में हर पल, तन-मन-धन सब वारेंगे। राष्ट्र की सेवा में हर पल, तन-मन-धन सब वारेंगे।
जिन्हें सब कुछ मिलता है वे इसका मोल नहीं समझते। जिन्हें सब कुछ मिलता है वे इसका मोल नहीं समझते।
कोई तो पूछो इन शैतानों से, कि हमने कब कहा था इन्हें कि तुम...........हमें यूँ........ कोई तो पूछो इन शैतानों से, कि हमने कब कहा था इन्हें कि तुम...........हमें यूँ......
ख़ुदा ने जिस कश्मीर को जन्नत जैसा खूबसूरत बनाया इंसान ने उसी कश्मीर को आज दोज़ख जैसा बना दिया। ख़ुदा ने जिस कश्मीर को जन्नत जैसा खूबसूरत बनाया इंसान ने उसी कश्मीर को आज दोज़ख ...
रोते रोते अचानक, फिरदौस होश खो गई.. लाखो सपने लिए, वो तो खामोश हो गई..!! रोते रोते अचानक, फिरदौस होश खो गई.. लाखो सपने लिए, वो तो खामोश हो गई..!!
स्पष्ट निर्देश दे गए कि अब मैं सो सकता था एक बहुत लंबी नींद चैन से, अभिमान से। स्पष्ट निर्देश दे गए कि अब मैं सो सकता था एक बहुत लंबी नींद चैन से, अभि...
इंतजार मुझे कराती रहती है, मुझे तड़पाना छोड़ती नहीं। इंतजार मुझे कराती रहती है, मुझे तड़पाना छोड़ती नहीं।