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sadhna Parmar

Abstract Romance Action

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sadhna Parmar

Abstract Romance Action

ख़ामोशी की चुभन

ख़ामोशी की चुभन

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दिल की धड़कन चुप है,

मन की आवाज़ बंद है,


होंठों के लफ्ज़ ख़ामोश है,

आँखों के आँसू रुके है,


जुबान पर लगाया ताला है,

तेरे प्यार की ये माया है,


जिसने बांधकर मुझे रखा है,

इसलिए ख़ामोश खड़ी हुई हूँ।


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