जवानों को सलाम।
जवानों को सलाम।
ऐ जवानों तेरे उगते हुए सूरज को हमारा सलाम,
तेरे उगते हुए हौसले को हमारा सलाम,
तुम जोभी करते हो अपने देश के हिद में
तेरे उस हर जस्बे को हमारा सलाम।
ऐ जवानों तुम रहतेहो मिट्टियों में
तुम रेहेतेहो पानियों में
तुम रेहेतेहो आसमानो में
वहां रहकर भी देशकी सुरक्षा करते हो तुम जैसे
तेरे उस हौसले के बुलंदियों को हमारा सलाम,
ऐ जवानों तेरे उगते हुए सूरज को हमारा सलाम,
तेरे उगते हुए हौसले को हमारा सलाम।
अपना घर चोरकेँ
अपना परिवार चोरकेँ
कही दूर चले जाते हो इन् व्वादियों में
दिन के उजालों में कही गुम ना होजाना तुम
तुम रेहेतेहो शान से अपने घर के है एक ख्यालो में
जवानों तुम रेहेतेहो देश के हर एक यादों के गलियों में।
जवानों तेरे उगते हुए हौसले को हमारा सलाम
तुम जोभी करते हो अपने देश के लिए
तेरे उस हर जस्बे को हमारा सलाम,
तेरे उस हर जस्बे को हमारा सलाम।
कोई सवाल उठाते हैं
तो कोई पत्थर उठाते है
वह देश के गद्दारों आज भी
तुम्हारे एक इंच गोली
और छप्पन इंच सीने से डरके भागते हैं।
कभी अकेला मत समझना खुद को
पूरा देह है आप लोगों साथ
जिंदिगी लेके आना दुश्मनो से
बदले में दी गयी वह हर एक जवानों की शहादत।
ऐ जवानों तेरे दिए हुए शहादतों को हमारा सलाम
तेरे दिए हुए शहीदों के हर माँ को हमारा सलाम
जवानों तेरे उगते हुए सूरज को हमारा सलाम
तेरे उगते हुए बुलंदियों के हौसले को हमारा सलाम।
