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Madhavi Solanki

Abstract Romance Action

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Madhavi Solanki

Abstract Romance Action

इतना तो में आप को जान चुकी हूँ

इतना तो में आप को जान चुकी हूँ

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पता है कि आप नहीं बोलोगे, क्या हुआ है ?

पर इतना तो में आप को जान चुकी हूं कि

आप की आखों को में देख के सब पढ़ सकती हूं ...


पता है मुझे की आज तक हम मिले नहीम है पर

आपकी आवाज ने बखूबी मुझे आप से रूबरू करवाया है 

पता है मुझे कभी बेवजह उदास नहीं होता

आपका चेहरा, आप बहुत हिम्मतवाले हैं


पता है मुझे मेरे बहुत पूछने पर भी आप नहीम बोलोगे

लेकिन आप मुझे नहीं जानते जब तक आप बोलेंगे नहीं

तब तक ये शिलशिला चलता रहेगा ..


इतना तो मैं जान चूकी हूँ कि आप सारी मुश्किलों से

अकेले ही लड़ना पसंद करते हैं, इसलिये मैं भी आप से

बात जानने की ज़िद नहीं करूँगी क्योंकि आप भी

मेरे जैसे ज़िद्दी है और बहुत परवाह करते हैं सबकी


पता है मुझे आप किसी को परेशान नहीं करना चाहते हैं

इसलिये ख़ामोश है लेकिन मेरा दिल ये खामोशी भी पढ़ सकता है,

और मेरी दिल से दुआ है आप पहले की तरह मुस्कुराने लगे।


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