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Ruchika Rai

Abstract

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Ruchika Rai

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हरियाली

हरियाली

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हरा रंग है प्रकृति का,हरी भरी वसुंधरा,

हरियाली फैले चारों दिशा इस धरा,

हरा रंग समृद्दि का प्रतीक बनकर आया,

हरे भरे हो खेत फिर अन्न धन से घर भरा।


हरा रंग आँखों को सुकून है पहुँचाये,

बीमार के लिए औषधि बनकर यह आये,

हरा रंग स्वास्थ्य और सम्पन्नता के संग

जीवन में सदा उम्मीद का दीप जलाए।


हरी चूड़ियों की खनक दिल को है लुभाती,

हरे भरे खेतों में जीवन का संगीत सुनाती,

हरियाली फैली चारों दिशा में मनमोहक ,

हरियाली प्रकृति की जीवंतता का एहसास दिलाती।


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