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Gyaneshwari Vyas

Inspirational

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Gyaneshwari Vyas

Inspirational

हृदय की पुकार

हृदय की पुकार

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हे राम! मेरे राम!

सुन लो पुकार तो हो जाऊं निष्काम।।


कभी तो सुनो प्रभु विनती,

आ जाओ ले तीर कमान।

हे राम! मेरे राम!

सुन लो पुकार तो हो जाऊं निष्काम।।


बड़ी गरीबी छाई जग में,

बहुत दर्द है दो इन्हें विराम।

हे राम! मेरे राम!

सुन लो पुकार तो हो जाऊं निष्काम।।


तकलीफ़ों को ताड़का समान मिटाओ,

दे दो अमर प्रेम का वरदान।

हे राम! मेरे राम!

सुन लो पुकार तो हो जाऊं निष्काम।।


शबरी के जैसे अपनाएं बेर,

ऐसे ही हमें स्वीकारो भगवान।

हे राम! मेरे राम!

सुन लो पुकार तो हो जाऊं निष्काम।।


कितनी मुश्किल जीवन नैया,

तारों इसे केवट के समान।

हे राम! मेरे राम!

सुन लो पुकार तो हो जाऊं निष्काम।।


नाम तुम्हारा ले कट जाते,

दुनिया के जंजाल व काम।

हे राम! मेरे राम!

सुन लो पुकार तो हो जाऊं निष्काम।।


राम तुम्हीं हो जो अहिल्या तारे,

ऐसे ही हमें स्वीकारो मेरे राम।

हे राम! मेरे राम!

सुन लो पुकार तो हो जाऊं निष्काम।।


रामायण ही है मार्गदर्शन,

तारे पापियों को पातर समान।

हे राम! मेरे राम!

सुन लो पुकार तो हो जाऊं निष्काम।।


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