हो या ना
हो या ना
सफ़र यहीं तलक था हमारा,
अब आगे मुलाक़ात मुकम्मल हो या ना,
तेरे बिना ज़िन्दगी का रंग अधूरा ही सही,
पर दिल में तेरा एहसास कमल हो या ना।
तेरी यादें सदा मेरी राहों में रहेंगी,
चाहे तेरा साथ मेरी मंज़िल हो या ना,
हमने चाहा तुझे इबादत की तरह,
अब तू क़ुबूल करे, क़बूल हो या ना।
रातों को तन्हाई तेरा नाम पुकारे,
सुबह मेरी तड़प तेरा आँचल हो या ना,
मोहब्बत का रिश्ता कभी टूट नहीं सकता,
चाहे किस्मत का लिखा शामिल हो या ना।

