हिंदुस्तान का गर्व- बेटियाँ
हिंदुस्तान का गर्व- बेटियाँ
आज गर्व हो गया है
जन्मी एक अबला बेचारी पर
आज गर्व हो गया है
सदियों से पराया धन बनी
एक कुमारी पर
आज गर्व है
दुनिया की हर नारी पर
क्योंकि आज बेटियों ने
स्वयं को अबला से सबला बनाया है
क्योंकि आज बेटियों ने
हिंदुस्तान की लाज को बचाया है
क्योंकि आज बेटियों ने
ओलंपिक में तिरंगा लहराया है
क्योंकि आज बेटियों ने खुद को
धरती से आसमान उड़ाया है
क्योंकि आज बेटियों ने
ओढ़नी संग
वतन के रखवालों का चोला पहना है
क्योंकि आज बेटियों को
न सिर्फ माँ, बेटी, पत्नी, बहन ही नहीं
डॉक्टर, अध्यापिका, आई, ए, एस
भी रहना है
बरसों से हर पल
कभी परेशानियों में
कभी भेदभाव की निशानियों में
खुद को कोशा करती थी
लेकिन आज गर्व हो गया है
क्योंकि मैंने भी
बेटी के रूप में
जन्म पाया है
धन्य हो इस देश की वीरांगनाओं
आज आप ने
भारत की बेटियों पर गर्व करना
सिखाया है ।
