Haya Orhaan
Drama Romance Tragedy
Raas nahi aati mere mehboob ko Mohbbat meri Nadan wo samjhta h afzal bahut hai .
Gurur
Bekadri
Deleted
Bejaan
क्योंकि था यकीन उसको ज्यादा अपनों से उन पर। क्योंकि था यकीन उसको ज्यादा अपनों से उन पर।
जितनी तेज़ी से लोग जिंदगी में आते हैं, उतने शीघ्र ही चले जाते हैं, जितनी तेज़ी से लोग जिंदगी में आते हैं, उतने शीघ्र ही चले जाते हैं,
इतना जानते नहीं थे खाली खाली धर आएंगे। इतना जानते नहीं थे खाली खाली धर आएंगे।
कुछ असफलताएँ कुछ नादानी जीवन है दरिया का पानी। कुछ असफलताएँ कुछ नादानी जीवन है दरिया का पानी।
हैरान होकर बेकार ही बैठे हो तुम तुमने ही चुना है शासक अपनों के। हैरान होकर बेकार ही बैठे हो तुम तुमने ही चुना है शासक अपनों के।
संतोषी आदमी की भूख चींटी से छोटी होती है। संतोषी आदमी की भूख चींटी से छोटी होती है।
प्यार के धागों से दोनों रिश्तों की माला सजाते और रिश्तों की पहेली में खुद भी खो जाते। प्यार के धागों से दोनों रिश्तों की माला सजाते और रिश्तों की पहेली में खुद भी...
माँ की ममता क्या होती है माँ की ममता क्या होती है
जब लोग पूछने लग जाये कि क्या हाल है तुम्हारा ? और मैं कहूँ बस जी रहा हूँ। जब लोग पूछने लग जाये कि क्या हाल है तुम्हारा ? और मैं कहूँ बस जी रहा हूँ।
दिल तो आज भी यही सुनना चाहता है की बेफिक्र रहो तुम्हारे साथ हूं मैं। दिल तो आज भी यही सुनना चाहता है की बेफिक्र रहो तुम्हारे साथ हूं मैं।
लड़कों की पढ़ाई में भी दसवीं के बाद लगी फुलस्टॉप लड़कों की पढ़ाई में भी दसवीं के बाद लगी फुलस्टॉप
यहां वो बना पाता खुशियों का घर है जिसका दिल हक़ीक़त में जोकर है। यहां वो बना पाता खुशियों का घर है जिसका दिल हक़ीक़त में जोकर है।
निज की बना मजाक, अन्य को कठिन हँसाना। निज की बना मजाक, अन्य को कठिन हँसाना।
अब प्यास को सहना आ गया, कुछ ऐसे बिखरे की संभलना आ गया। अब प्यास को सहना आ गया, कुछ ऐसे बिखरे की संभलना आ गया।
बस यूं ही ज़िन्दगी में बस यूं ही ज़िन्दगी में
बस किरदार बदल जाएगा बस किरदार बदल जाएगा। बस किरदार बदल जाएगा बस किरदार बदल जाएगा।
तू ना सही तेरी तस्वीर से ही, करती हूँ अब दिल की बातें। तू ना सही तेरी तस्वीर से ही, करती हूँ अब दिल की बातें।
हमें इल्म है दूरी हमारे दरमियान बर्दाश्त नहीं आपसे। हमें इल्म है दूरी हमारे दरमियान बर्दाश्त नहीं आपसे।
पर, कोशिश आज भी है कायम जानने क्या है इलाज, पर, कोशिश आज भी है कायम जानने क्या है इलाज,
दस बारह दिन का रोना धोना फिर सब अपने अपने रास्ते। दस बारह दिन का रोना धोना फिर सब अपने अपने रास्ते।