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Jai Prakash Pandey

Abstract

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Jai Prakash Pandey

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ग्राम विकास

ग्राम विकास

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सड़क बनी है 

बीस बरस से 

मोटर कबहुं 

नहीं आई 

गांव के गेवड़े 

खुदी नहरिया 

बिन पानी के शरमाई

टपकत रहो 

मदरसा कबसें 

धूल धूसरित 

भई पढ़ाई 

कोस कोस से 

पियत को पानी 

और ऊपर से 

खड़ी चढ़ाई 

बिजली लगत

रही बरसों से 

पे अब लों

तक लग पाई 

जे गरीब की 

गीली कथरी 

हो गई है 

अब फटी रजाई। 



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