SHWETA GUPTA
Abstract
प्रिय पुत्र,
शुभाशीष
रणभूमि जाने से पहले,
केसर तिलक लगाऊँगी।
जहाँ- जहाँ तेरे कदम पड़ेंगे,
वहाँ मैं फूल खिलाऊँगी।
वादा तुझसे यह करती हूँ,
मैं न अश्क बहाऊँगी।
वीरगति जो तूने पाई,
श्रद्धा सुमन चढ़ाऊँगी।
गौरवान्वित
भारत माँ।
वह कौन?
दो सौ वर्ष
गुल्लक
प्रकृति माँ क...
मैं मोदी हूँ
अभिमन्यु के उ...
गर्मी की छुट्...
मैं सैनिक नही...
क्या यह विकास...
वंदे मातरम्
तुझे बड़ा गुमान है ना जिन्दगी खुद पर जो तू हमको इतना सताती है। तुझे बड़ा गुमान है ना जिन्दगी खुद पर जो तू हमको इतना सताती है।
ज़िन्दगी है लम्हों का कारवां जो मिली है यहां उसे समेट लो। ज़िन्दगी है लम्हों का कारवां जो मिली है यहां उसे समेट लो।
बेटी की सुरक्षा में आजकल मन आशंकित रहता है। बेटी की सुरक्षा में आजकल मन आशंकित रहता है।
जीवन का अंतिम सच मृत्यु से सजा मणिकर्णिका घाट ही हमारी आखिरी मंजिल है... जीवन का अंतिम सच मृत्यु से सजा मणिकर्णिका घाट ही हमारी आखिरी मंजिल है...
ड़ाल से विछुड़ कर, पत्ता बहुत रोया था उसने अपना घर और ठिकाना खोया था । ड़ाल से विछुड़ कर, पत्ता बहुत रोया था उसने अपना घर और ठिकाना खोया था ।
बस मुस्कुरा कर चलता रह मुसाफिर तू मुस्कुराते हुए चलता रह मुसाफिर ! बस मुस्कुरा कर चलता रह मुसाफिर तू मुस्कुराते हुए चलता रह मुसाफिर !
एक दिन तेरा बदलता वजूद ही तेरा साथ नहीं निभाएगा, एक दिन तेरा बदलता वजूद ही तेरा साथ नहीं निभाएगा,
सफेद कोट पहचान हमारी हम डट कर खड़े हैं। आपकी सेवा मे तत्पर स्वयं से भी लड़े हैं। सफेद कोट पहचान हमारी हम डट कर खड़े हैं। आपकी सेवा मे तत्पर स्वयं से भी...
दिल की बात न पूछे कोई, क्या क्या दिल में होता है? दिल की बात न पूछे कोई, क्या क्या दिल में होता है?
गुमसुम गुमसुम तुम भी मैं भी खोया खोया सा हूूँ। गुमसुम गुमसुम तुम भी मैं भी खोया खोया सा हूूँ।
उसकी खुशी देखने, जी जान दोनों लगा देते हैं उसकी आंखें नम न हो ऐसी कोशिश करते हैं। उसकी खुशी देखने, जी जान दोनों लगा देते हैं उसकी आंखें नम न हो ऐसी कोशिश करत...
आदरणीया प्रतिभा मैडम को, शुभकामनाएं जन्मदिन की। आदरणीया प्रतिभा मैडम को, शुभकामनाएं जन्मदिन की।
जीवन भी ऐसा ही है कभी अँधेरा तो कभी उजाला होता है, सफल वही होता है जो हर परिस्थिति से जीवन भी ऐसा ही है कभी अँधेरा तो कभी उजाला होता है, सफल वही होता है जो हर परि...
ऊपर हैैं सबसे ऊपर हमारे प्रधान जी, हो जाए सावधान जी। ऊपर हैैं सबसे ऊपर हमारे प्रधान जी, हो जाए सावधान जी।
अचानक एक दिन मेरे मन में भी कवि बनने का भाव आया. अचानक एक दिन मेरे मन में भी कवि बनने का भाव आया.
अपनी बगिया में फूलों को सजाया था हमने, पर सबको कांटे ही कांटे नजर आए कहाँ से , अपनी बगिया में फूलों को सजाया था हमने, पर सबको कांटे ही कांटे नजर आए कहाँ से...
मुझे भी ऐसी ही दिल-दरिया दिखा दें! मैं भी डूबा दूं, अपनी सारी इच्छाओं को, मुझे भी ऐसी ही दिल-दरिया दिखा दें! मैं भी डूबा दूं, अपनी सारी इच्छाओं को,
दीन हीन की मदद करो मिल, कुटिया को जगमग कर दो। दीप जले जग जगमग होवे, गम के दूर अंधेरे दीन हीन की मदद करो मिल, कुटिया को जगमग कर दो। दीप जले जग जगमग होवे, गम ...
और हम भी तुम पर मुग्ध हो देखते रहते हैं तुमको दुनिया की तरह काश हम भी हो पाते तुम् और हम भी तुम पर मुग्ध हो देखते रहते हैं तुमको दुनिया की तरह काश हम भी ...
ईश्वर का दर्जा पृथ्वी पर जिन्होंने पाया वही आज विपदा के समय काम आया। ईश्वर का दर्जा पृथ्वी पर जिन्होंने पाया वही आज विपदा के समय काम आया।