STORYMIRROR

Sweta Dhandel

Fantasy Inspirational

3  

Sweta Dhandel

Fantasy Inspirational

एक आखरी उम्मीद....

एक आखरी उम्मीद....

1 min
220

अभी भी एक आखिरी उम्मीद

जिंदा है,

कलयुग है कुछ भी

हो सकता है,


कब पैरों तले जमीन

खिसक जाए.....

आपको, हमको भनक तक

नहीं लगेगी.....


लेकिन फिर भी एक

आखिरी उम्मीद 

अभी जिंदा है।


लोग कितने भी

 ना उम्मीद करें.....

 लेकिन फिर भी एक 

आखिरी उम्मीद 

अभी जिंदा है।


Rate this content
Log in

Similar hindi poem from Fantasy