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Dinesh Dubey

Abstract

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Dinesh Dubey

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दोस्ती वाला प्यार

दोस्ती वाला प्यार

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कभी हुआ करता था

दोस्ती वाला प्यार

जब दोस्त एक दूसरे पर 

जान भी न्योछावर करते थे 


बिना मिले पानी भी नहीं 

पिया करते थे,

दिन भर लड़ते फिर भी 

एक दूसरे के बिना नहीं रहते 


वो सब हो गया इतिहास 

अब तो सब मतलबी दोस्त 

जरूरत न हो तो कौन दोस्त 

जरूरत पे तुम ही भगवान 

तुम्हीं सबसे महान,


मतलब निकालते ही 

तू कौन मैं कौन का हाल

अब तो यही है आज का

दोस्ती वाला प्यार।


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