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Monika Jayesh Shah

Inspirational

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Monika Jayesh Shah

Inspirational

चाय

चाय

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ओ मेरी प्यारी चाय

कहा हैं तू यार...

तुझे देख मेरा मन तड़पता हैं।

पीने की चाहत में दिल मेरा धड़कता हैं।


रोज इस चाय की बात पर

 बीवी से मेरा मन खटकता हैं.

सुबह शाम या हो दिन में आराम..

चाय का बजता हमेशा अलार्म..

खाना मिले ना मिले हमें पर...

चाय मिले सुबह शाम..


बिना पिए जिया ना लगे..

कोई तो चाय दे दो हमे..

यही तकल्लूफ करते हम सुबह शाम।

मेहमानों की आव भगत में

 मिल जाति स्पेशल चाय..with nasta..


 बस उस दिन बढ़ जाता हैं ..हमारा bp हाय 

 चाय 5 की हो या 10 की.. 

 या हो अमृतुल्य महान।

 देखो चाय है..जीवन में कितनी महान।

 घर मिले या बहार करो उसका सम्मान।

 और पियो चुस्की चुस्की शान से...


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