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Pushp Lata Sharma

Inspirational

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Pushp Lata Sharma

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बेटियाँ

बेटियाँ

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उड़ती नभ में लाडली, बनकर आज विहंग।

बेटों से कमतर नहीं, चलती सुत के संग।

चलती सुत के संग, मिला कंधे से कंधा।

करे जगत में नाम, तोड़कर बेड़ी फंदा।

बनीं चिकित्सक पुष्प, शिखर पर दिन-दिन चढ़ती।

कुशल शिक्षिका और, पायलट बनकर उड़ती।



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