STORYMIRROR

Bhawna Kukreti Pandey

Abstract Inspirational

2  

Bhawna Kukreti Pandey

Abstract Inspirational

औरतें

औरतें

1 min
42

 तुम

अपनी औरतों को 

सोचने का समय मत देना

वे सोचेंगी तो आज़ाद हो जाएंगी 

तुमसे।

ये भी की 

उसे तोड़ने से पहले सोचना तुम

वे टूटेंगी तो चुभेंगी तुम्हारे ही अहम को 

और निकल जाएंगी उस पार,

तुम्हारे 

प्रिय अहम को 

भेदते।



विषय का मूल्यांकन करें
लॉग इन

Similar hindi poem from Abstract