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Archana kochar Sugandha

Abstract

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Archana kochar Sugandha

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अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस पर

अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस पर

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नारी नाम से हटाकर, उपाधि और अलंकार 

चलो उसकी उड़ान को, दे विस्तृत आकार।


सदैव देकर औरत को, इंसान सा सम्मान 

दिन-महीने-साल में, न बाँटे उसकी पहचान।


नारी मन अति निर्मल, बहे नदी की धार 

कंकर पत्थर सीने में समेटे, सागर को कहे सँसार।


नारी मूर्त ममता की, चाहे क्या प्रतिदान 

नेह आँचल की छाँव में, सदा खुश रहे जहान।


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