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Meenakshi Bansal

Abstract

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Meenakshi Bansal

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आज का सच

आज का सच

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कहीं मिलेगी प्रशंसा,

कहीं नाराजगी का बहाव मिलेगा,


कहीं मिलेगी दुआ,

कहीं भावनाओं में दुर्भाव मिलेगा।


तू चला चल राही 

अपने कर्म पथ पर,


जैसा तेरा भाव 

वैसा प्रभाव मिलेगा।


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