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Rashi Saxena

Romance


4.5  

Rashi Saxena

Romance


वो

वो

1 min 254 1 min 254

वो जो बस एक पल में ही

सबसे ख़ास हो गया

वो जिसकी हर पसंद

लाजवाब हो गई


वो जो इस बैरंग सी ज़िंदगी में

सबसे नया रंग बिखेर गया

हाँ वही जो रोने में भी

मुस्कुराने की वजह बन गया


क्या कहें की अब वो

क्या से क्या बन गया

जिसपे हारा दिल अपना

वो अब दुनिया जीतने चल दिया


वो जो गुज़र गया हवा सा 

तूफ़ान का सा मंजर छोड़ गया

टूटे हैं ख़्वाब, उजड़े हैं हौंसले अभी

पर फिर भी है दिल की

हसरत यही 


वो सब जो वो चाहे मिले उसे

छूने को सपनों का आसमान

लग जाये उसे पंख

भरे वो उड़ान


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