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आकांक्षा राजीव

Romance

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आकांक्षा राजीव

Romance

तुम थोड़ा ठहर जाओ

तुम थोड़ा ठहर जाओ

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मंजिल थोड़ी दूर है अभी

तुम्हें थोड़ा रुकना होगा

साथ चलते हो मेरे साथ

अभी और इतंजार करना होगा

मैं आऊँगी तुम्हारे पास बहुत सा वक़्त लेकर

सारी उम्र तुम्हारे साथ गुजारने आना है मुझे

तुम्हारी मोहब्बत पर यकीन तो बहुत है

तुम यूँ ही मुझ पर यकीन करते रहना

मैं तुमसे यूँ ही प्यार करुँगी

जब तक मैं आऊँ ना तुम्हारे पास

तुम थोड़ा मेरा हाथ थाम कर

यूँ ही सहारा देते रहना

बस इतना ही तुमसे कहती हूँ

तुम मेरे लिए थोड़ा सा रुक जाना



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