Swapnil Saurav
Inspirational
समय का मोल समझ ले तू ए इंसान
समय का न कर सकता कोई नुकसान।
समय के साथ सबको पड़ता है चलना
क्योंकि समय ही है सर्व शक्तिमान।
समय का करे जो सम्मान
उसके पूरे होते बिगड़ते काम।
समय का न करना कभी अपमान
उससे होगा अपना ही नुकसान।
यादें
१५ साल के बाद...
शिद्दत
मेरी चाहत
एक हसीन मुलाक...
नए ज़माने का फ...
दोस्त की शादी...
यमराज से वार्...
चाची की बीमार...
मेरी ज़िन्दगी ...
दानव समस्त धरातल पर छा अत्याचार तब करते थे दानव समस्त धरातल पर छा अत्याचार तब करते थे
रहती नहीं है खुद की खबर लेकिन दूसरों की बुराई करने में, आज का इंसान कितना माहिर रहती नहीं है खुद की खबर लेकिन दूसरों की बुराई करने में, आज का इंसान कितन...
डंडा लेकर हम सब को खूब दौड़ाती एक भूतनी सी, हम सभी को नज़र आती डंडा लेकर हम सब को खूब दौड़ाती एक भूतनी सी, हम सभी को नज़र आती
ओस की बूँदें पल दो पल की धुंधलाहट होती है हौसले से ही तो उड़ान भरने की आहट होती है ओस की बूँदें पल दो पल की धुंधलाहट होती है हौसले से ही तो उड़ान भरने की आहट हो...
हर कोई सेनानी है जो कर्तव्य पथ पर भागा है, हो समर्पित देश हित पर जो रातों को जागा है। हर कोई सेनानी है जो कर्तव्य पथ पर भागा है, हो समर्पित देश हित पर जो रातों को ...
अतुल्य हूं,अमिट हूं, चट्टान हूं गौर से देखो , मैं वहीं सदियों पुराना हिन्दुस्तान हूं। अतुल्य हूं,अमिट हूं, चट्टान हूं गौर से देखो , मैं वहीं सदियों पुराना हिन्दुस्...
मान लो प्रिय जला बैठेगा यह तुमको खुद काठ पर जलने से पहले मान लो प्रिय जला बैठेगा यह तुमको खुद काठ पर जलने से पहले
सच्चाई की मटकी सिर पर रख सच बटोर लो सबके दिल में रब बसता है सच्चाई की मटकी सिर पर रख सच बटोर लो सबके दिल में रब बसता है
निकलकर बचपन की गलियों से जवानी की सड़क पर आ जाती है... निकलकर बचपन की गलियों से जवानी की सड़क पर आ जाती है...
हम बेकार में तू तू मैं मैं में उलझा रहते है रास्ता भटकने की भूल करते है हम बेकार में तू तू मैं मैं में उलझा रहते है रास्ता भटकने की भूल करते है
आज दिवाली है हर घर में छलक रही खुशहाली है। आज दिवाली है हर घर में छलक रही खुशहाली है।
सरल सहज है भाषा हिन्दी हिन्दी को ही जाने, कोयल सी है मीठी हिन्दी हिन्दी को पहचाने। सरल सहज है भाषा हिन्दी हिन्दी को ही जाने, कोयल सी है मीठी हिन्दी हिन्द...
बच्चा-बच्ची छ: का होवे, विद्यालय को देव पठाय । बच्चा-बच्ची छ: का होवे, विद्यालय को देव पठाय ।
आज आपको अन्न के दाता की गाथा सुनावाता हूं। आज आपको अन्न के दाता की गाथा सुनावाता हूं।
कुटुंब तो भारतीय संस्कृति का, एक मुख्य ही है आधार, मजबूती देते हैं इस संस्कृति को,बहुत कुटुंब तो भारतीय संस्कृति का, एक मुख्य ही है आधार, मजबूती देते हैं इस संस्कृत...
राजा सब्जी का लगे, आलू अपने खेत । देशी किस्म उगाइये, मन को राखे चेत ।। राजा सब्जी का लगे, आलू अपने खेत । देशी किस्म उगाइये, मन को राखे चेत ।।
कर न सके मूल्यांकन जो मानव मूल्यों को उस महामानव से मैं क्या बात करूं कर न सके मूल्यांकन जो मानव मूल्यों को उस महामानव से मैं क्या बात करूं
नारी शक्ति ही निहित है , सृष्टि के संचालन में वो मूर्ति नहीं , है इंसान इस अग जग में नारी शक्ति ही निहित है , सृष्टि के संचालन में वो मूर्ति नहीं , है इंसान इस अ...
मुझे इस दुनिया में आने देना मेरी माँ। कभी ना करना मेरी हत्या, मुझे इस दुनिया में आने देना मेरी माँ। कभी ना करना मेरी हत्या,
ढूंढता था मैं कभी साथ तेरा ही हर पल, तुझमें ही देखता था आज मेरा और कल, ढूंढता था मैं कभी साथ तेरा ही हर पल, तुझमें ही देखता था आज मेरा और कल,