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Shatrughan Rajput

Romance

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Shatrughan Rajput

Romance

मिटते नहीं वो पल

मिटते नहीं वो पल

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फिर तुम्हारी याद आने लगी है,

फी यह वक्त की दिल्लगी है।

बीते दिनों के पन्ने उड़ रहे हैं,

फिर सपनों की यह ठगी है।।


कब तक विचारों में डूबा रहूँ,

कसी से मन की बात न कहूं।

सिलसिले प्यार के चले ना चले ,

 मानने लगा हूँ प्यार बन्दगी है।। 


चलो कुछ भूलें, कुछ याद रखें ,

जीवन में हरदम मिठास रखें।

तुम आओ, ना आओ, साथ हो,

 मिटते नहीं वो पल , जिंदगी है 



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