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Debashis Bhattacharya

Inspirational

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Debashis Bhattacharya

Inspirational

मेरे प्यारे गुलाब

मेरे प्यारे गुलाब

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मेरे प्यारे गुलाब, “मुझे बताओ तुम हमेशा प्यार और

रोमांस का संदेश लेकरक्यों मेरे पास आते हो?

इसके अलावा कोई अन्य अभिव्यक्ति

मेरे लिए तुम्हारे खजाने में नहीं है?”


गुलाब ने हवा का झोंका से हिलने लगा

और फिर मुस्कुराते हुए उत्तर दिया,

“बस, तुम एकबार प्यार से मुझ पर निगाह डालो।”

मैं आश्चर्यचकित हो गया औरकुछ नहीं कह सका!


गुलाब ने फिर मुस्कुराते हुए पूछा,

“तुमने मेरे अंदर ऐसा क्या देखा? ”

मैंने मंत्रमुग्ध होकर उत्तर दिया,


“तुम कितने खूबसूरत और पवित्र हो,

लेकिन बहुत ही मुलायम;

थोड़ी सी चोट लगते ही

तुम्हारी सारी पंखुड़ियाँ नीचे गिर जाती हैं,

सभी को अलविदा कहकर।”


गुलाब ने उत्तर दिया,

“मेरे और मनुष्य के अंदर जो सुंदरता है,

वह प्यार है; जो सिर्फ प्यार ही चाहता है, नफ़रत नहीं।

प्यार को कभी चोट मत पहुँचाओ,

इसीलिए मैंने हमेशा प्यार का संदेश फैलाता हूँ।”


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