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Uttam Mukherjee

Tragedy

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Uttam Mukherjee

Tragedy

मायाजाल

मायाजाल

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मायाजाल के बंधन में मानव जीवन है संशय में।      

धनसम्पत्ति के अर्जन में, छलप्रपंच है जीवन में।।     

  

मायाजाल के बंधन में, मानव जीवन है संशय में।      

मैली काया है जीवन में, बेबसी दिखे हर पग में।       


मायाजाल के बंधन में, मानव जीवन है संशय में।।      

मानवों की जीवनचर्या में, मानवता बेबस है जीवन में।  


मायाजाल के बंधन में, मानव जीवन है संशय में।।  

धन सम्पत्ति के अर्जन में, छलप्रपंच है जीवन में।।     


मैली चादर है जीवन में, बेबसी दिखे हर पग में।।      

देखो जीवनचर्या नरों में, मानवता नहीं दिखे जीवन में।        


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