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Shubham Pandey gagan

Abstract

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Shubham Pandey gagan

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माँ

माँ

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जब मैं धरती पर आया

पहली बार तुमको देखा

बिल्कुल दिखती हो भगवान जैसी

मां नाम तुमको सबने दिया


मेरी सारी दुनिया माँ

तेरी गोदी में बसी रही

जब तक न चलने लगा

तेरी गोदी में जगह मिली


जब चल पड़े पावँ मेरे

तेरी उंगली ने सहारा दिया

मेरे सारे दुःख और मुश्किलें

तेरे आँचल के आगे हार गए


तुम हो ममता की मूरत

तुझमे ही है दुनिया मेरी

तुझसे मेरी पहचान है मां


बस बन जाये कभी

मेरी वजह से पहचान तेरी।


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