किताबों की दुनिया
किताबों की दुनिया
किताबों की दुनिया भी कितनी अजीब है
अंधकार को प्रकाशित करती ये नाचीज़ है।
दिल में रखती ज्ञान जहां भर का
उन्नति का पथ प्रदर्शक है।
किताबों की दुनिया भी कितनी अजीब है
अंधकार को प्रकाशित करती ये नाचीज़ है।
सच्चे मित्र भांति हर पल ये साथ निभाती है
असीमित भंडार ज्ञान का अलख ज्योति जलाती है।
किताबों की दुनिया भी कितनी अजीब है
अंधकार को प्रकाशित करती ये नाचीज़ है।
