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Aditi Rai

Abstract Classics Inspirational

3  

Aditi Rai

Abstract Classics Inspirational

किताब

किताब

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इन किताबों से कुछ तो वास्ता है,,,

वरना यूँ ही कौन अपना समय वारता है ॥


कुछ जानने को कुछ हासिल करने को,,,

इन किताबों में अपना मत्था मारता है॥॥


कभी कबीर के दोहे तो कभी मीरा का प्रेम,,

मनुष्य इनमें अतीत को निहारता है॥॥


कभी विज्ञान के शोध कभी विद्वान के बोल,,

यह मनुष्य के भविष्य को संवारता है॥॥


कितना कुछ तो मिलता है किताबों से,,

तभी तो मनुष्य अपना समय किताबों में वार्ता है॥॥


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