अबोली 😊
Classics Inspirational
सुनसान गली में,
गुमसुम, सी
इक रात,
बेगुनाह सन्नाटे
न जाने क्या कुछ
कह जाते हैं
अपनी ख़ामोश दास्तां।
इक रात
शबाब
अपनापन
आदताना
दामिनी
रिश्ते
हमनवा
इल्ज़ाम
गुनाह
भ्रम मिट जाता सब उसका और तत्वज्ञान की प्राप्ति हो उसको। भ्रम मिट जाता सब उसका और तत्वज्ञान की प्राप्ति हो उसको।
अपना जीवन खो बैठते और घोर तमोमय नरक में चले जाते, जब मरते हैं वे। अपना जीवन खो बैठते और घोर तमोमय नरक में चले जाते, जब मरते हैं वे।
श्री शुकदेव जी कहते हैं, परीक्षित अतिथि कुश का पुत्र हुआ। श्री शुकदेव जी कहते हैं, परीक्षित अतिथि कुश का पुत्र हुआ।
नंदबाबा ने कहा, वासुदेव जी तुम्हारे कई पुत्रों को मारा कंस ने। नंदबाबा ने कहा, वासुदेव जी तुम्हारे कई पुत्रों को मारा कंस ने।
उसके दु:साहस के समक्ष गन्धर्व यक्ष भी मांगे पानी। उसके दु:साहस के समक्ष गन्धर्व यक्ष भी मांगे पानी।
किस साधन से प्राप्त कर सकता बिना विशेष परिश्रम के, इस पद को। किस साधन से प्राप्त कर सकता बिना विशेष परिश्रम के, इस पद को।
देख चन्द्रमुखी सीता को, बन गये नयन चकोर राम के देख चन्द्रमुखी सीता को, बन गये नयन चकोर राम के
छल प्रपंच का अर्जन करके कपटी दुर्योधन फलता। छल प्रपंच का अर्जन करके कपटी दुर्योधन फलता।
राजा परीक्षित ने पूछा, भगवन किसके द्वारा नियुक्त हैं होते! राजा परीक्षित ने पूछा, भगवन किसके द्वारा नियुक्त हैं होते!
वह पुरुष सो रहा था उस गुफा में कई दिनों से। वह पुरुष सो रहा था उस गुफा में कई दिनों से।
मंद बुद्धि मैं एक पशु हूँ फंसा हुआ विषयभोगों में । मंद बुद्धि मैं एक पशु हूँ फंसा हुआ विषयभोगों में ।
भगवान् के इस कर्म की प्रशंसा की फूलों की वर्षा की ऊपर उनके। भगवान् के इस कर्म की प्रशंसा की फूलों की वर्षा की ऊपर उनके।
ये कथा है, बहुत पुरानी दशरथ जी की तीन थी रानी! ये कथा है, बहुत पुरानी दशरथ जी की तीन थी रानी!
विष्णु जी के सातवे अवतार थे श्रीराम अत्यधिक गुणवान, प्रतिभाशाली, सरल स्वभाव। विष्णु जी के सातवे अवतार थे श्रीराम अत्यधिक गुणवान, प्रतिभाशाली, सरल स्वभाव...
जब तक यह नज़्म उस याद का वो पुल पार न कर दे। एक ट्रेन है नज़्म, नज़्म एक ट्रेन है। जब तक यह नज़्म उस याद का वो पुल पार न कर दे। एक ट्रेन है नज़्म, नज़्म ए...
बोले श्री हरी की है नारद वो है माँ की ममता, जिसे पाने मैं लेता हूँ जन्म बार बार। बोले श्री हरी की है नारद वो है माँ की ममता, जिसे पाने मैं लेता हूँ जन्म बार बा...
गुरू द्रोण तो जैसे इसी क्षण का इंतज़ार कर रहे थे तुरन्त उनके मुख से उनके दिल की बात आई। गुरू द्रोण तो जैसे इसी क्षण का इंतज़ार कर रहे थे तुरन्त उनके मुख से उनके दिल की ब...
ऊँचे ऊँचे लोगो में मैं ठहरा छोटी जात का खुद से ही अंजान मैं ना घर का ना घाट का! ऊँचे ऊँचे लोगो में मैं ठहरा छोटी जात का खुद से ही अंजान मैं ना घर का ना घाट...
वासुदेव की प्रेरणा से एक दिन नन्द के गोकुल में आये। वासुदेव की प्रेरणा से एक दिन नन्द के गोकुल में आये।
ग्वालवालों और कृष्ण ने जब देखा कोई पता ठिकाना ना पशुओं का। ग्वालवालों और कृष्ण ने जब देखा कोई पता ठिकाना ना पशुओं का।